Political Science class 12 model Question Paper Solutions

Political Science class 12 model Question Paper Solutions: Political Science class 12, political science class 12 notes,political science class 12 in Hindi, class 12 political science notes,class 12 political science ncert solutions, political science class 12 syllabus and model paper are available in our site. NCERT Solutions.

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

राजनीतिशास्त्र  Political Science

वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा – 2021 

Time Allowed : 3 Hours

Full Marks – 100

Pass Marks – 33

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

Group A

** इसमें वस्तुनिष्ठ प्रश्न की संख्या 30 होंगी और प्रत्येक प्रश्न 1 अंक के होंगे।

1 किस देश ने नाटो में अमेरिका नेतृत्व का विरोध किया था?
(a) ब्रिटेन
(b) फ्रांस
(c) इटली
(d) पश्चिमी जर्मनी 

2 बोल्शेविक क्रांति कहाँ हुयी थी?
(a) फ्रांस 
(b) इंग्लैण्ड
(c) रूस
(d) जापान 

3 सोवियत संघ के अंतिम राष्ट्रपति कौन थे?
(a) ब्रेझनेव
(b) मिखाइल गोर्बाचेव
(c) बोरिस येल्तसिन
(d) ख्रुश्चेव 

4 खुले द्वार की नीति को किसने अपना था?
(a) यूरोपीय संघ 
(b) अमेरिका 
(c) जापान 
(d) चीन

5 कौन आसियान का सदस्य नहीं है?
(a) सिंगापूर
(b) श्रीलंका
(c) फिलीपींस
(d) इंडोनेसिया 

6 एशिया का वह कौन सा देश है जो अकेली जी-8 का सदस्य है?
(a) पाकिस्तान
(b) चीन
(c) जापान
(d) भारत 

7 संयुक्त राष्ट्र संघ की स्थापना कब हुयी थी?
(a) 16 अक्टूबर, 1939
(b) 30 अक्टूबर, 1945
(c) 24 अक्टूबर, 1945
(d) 24 अक्टूबर, 1949

8 भारत से शांति सेना श्रीलंका कब भेजी गयी थी?
(a) 1990
(b) 1985
(c) 1987
(d) 1989

9 शेख मुजीबुर्रहमान किस देश के प्रधानमंत्री थे?
(a) अफगानिस्तान
(b) बांग्लादेश
(c) पाकिस्तान
(d) भारत 

10 सार्क का प्रथम शिकार सम्मलेन कहाँ हुआ था?
(a) नयी दिल्ली
(b) ढाका
(c) इस्लामाबाद
(d) कोलम्बों 

11 एमनेस्टी इंटरनेशनल का संबंध है?
(a) आर्थिक विकास
(b) आतंकवाद
(c) मानवाधिकार
(d) लोगों का स्वास्थ्य 

12 सुरक्षा परिषद् में कितने अस्थायी सदस्य है?
(a) 15
(b) 11
(c) 10
(d) 05

13 भारत का संविधान कब स्वीकृत किया गया?
(a) 1952
(b) 1955
(c) 1949
(d) 1947

14 किस भाषा के आधार पर 1953 में आंध्र प्रदेश का गठन किया गया था?
(a) तेलगु
(b) मलयालम
(c) कन्नड़
(d) तमिल 

15 निम्नलिखित में किसने 1951 में भारतीय जनसंघ पार्टी की स्थापना की थी?
(a) बलराज मधोक
(b) दिन दयाल उपाध्याय
(c) श्यामा प्रसाद मुखर्जी
(d) अटल बिहारी बाजपेयी 

16 किस पंचवर्षीय योजना में ‘गरीबी हटाओं’ को प्राथमिकता दी गयी थी ?
(a) पहली योजना 1951-1956
(b) तीसरी योजना 1961-1966
(c) पांचवी योजना 1974-1979
(d) छठी योजना 1980-1985

17 देश के विभाजन के समय नोआखाली नामक स्थान चर्चा में क्यों था?
(a) भारत पर पाकिस्तान आक्रमण के कारन
(b) सांप्रदायिक दंगों के कारन
(c) महामारी के कारन 
(d) भारत व् पाकिस्तान के बिच जल विवाद 

18 दूसरी पंचवर्षी योजना का प्रारूप किसके द्वारा तैयार किया गया था?
(a) जेo सीo कुमारप्पा
(b) पीo सीo महालनोबिस
(c) अमर्त्य सेन
(d) केo एनo राज 

19 देशी रियासतों के शासकों को दिया जानेवाला प्रिवीपर्स किस वर्ष समाप्त कर दिया गया?
(a) 1969
(b) 1971
(c) 1972
(d) 1976

20 नीति आयोग का पदेन अध्यक्ष कौन होता है?
(a) प्रधानमंत्री
(b) राष्ट्रपति
(c) उपराष्ट्रपति
(d) लोक सभा अध्यक्ष 

21 1977 में जनता पार्टी के शासन में कौन प्रधानमंत्री बना था?
(a) चंद्रशेखर
(b) मोरारजी देसाई
(c) विश्वनाथ
(d) इंद्रा कुमार गुजराल 

22 निम्न में से किस पार्टी का गठन एक महिला नेत्री द्वारा किया गया था?
(a) एo आईo डीo एम्o केo
(b) तृणमूल कांग्रेस
(c) बहुजन समाज पार्टी  
(d) तेलगु देशम पार्टी  

23 किस भारतीय राजनितिक दल को ‘ छतरी संगठन’ के रूप में जाना जाता है?
(a) कांग्रेस पार्टी
(b) भारतीय साम्यवादी 
(c) बहुजन समाज पार्टी 
(d) भारतीय जनता पार्टी 

24 1969 में कांग्रेस के विभाजन के समय उसका अध्यक्ष कौन था?
(a) केo कामराज 
(b) निजलिंगप्पा
(c) इंदिरा गाँधी
(d) गुलजारी लाल नंदा 

25 किस संविधान संशोधन को ‘ लघु संविधान ‘ की संज्ञा दी जाती है?
(a) 44 वां संशोधन 
(b) 43 वां संशोधन 
(c) 41 वां संशोधन 
(d) 42 वां संशोधन

26 जय जवान, जय किसान, जय विज्ञान का नारा किसने दिया था?
(a) इंद्रा गाँधी 
(b) जवाहरलाल नेहरू
(c) सुभाष चंद्र बोस
(d) अटल बिहारी वाजपेयी

27 1952 से 1967 के बिच भारतीय राजनीती में किस पार्टी का वर्चस्व रहा है?
(a) कांग्रेस
(b) भारतीय जनता पार्टी 
(c) जनता पार्टी 
(d) जनता दल 

28 जब इंदिरा गाँधी पहली बार प्रधानमंत्री बानी तो वे किसकी सदस्य थी?
(a) विधान सभा 
(b)  लोक सभा 
(c)  विधान परिषद्
(d)  राज्य सभा 

29 आपातकाल की दमनात्मक कार्यवाहियों की जाँच करने के लिए निम्न में से कौन आयोग गठित किया गया था?
(a) लिब्रहान आयोग
(b) शाह आयोग
(c) श्री कृष्णा आयोग
(d) मनवा अधिकार आयोग

30 आम आदमी पार्टी का गठन किस वर्ष हुआ था?
(a) 2012
(b) 2013
(c) 2014
(d) 2015

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

Group B

** रिक्त स्थानों की पूर्ति करें, इसमें 10 प्रश्न होंगे और प्रत्येक प्रश्न 1 अंक के होंगे।

31 …..बोरिस यल्त्सिन…. रुसी संघ के प्रथम राष्ट्रपती थे। ( गोर्बाचेव/ बोरिस यल्त्सिन )

32 विश्व राजनीति में संयुक्त राज्य अमेरिका के वर्चस्व से विश्व राजनीति का स्वरूप ..एक ध्रुवीय… हो गया। ( बहुध्रुवीय / एक ध्रुवीय )

33 1957 में यूरोपीय …..आर्थिक… समुदाय की स्थापना हुयी। ( आर्थिक / सामाजिक )

34 विश्व व्यापर संगठन का कार्यालय ….जेनेवा…. में हैं। ( हेग / जेनेवा )

35 संयुक्त राष्ट्र की सुरक्षा परिषद् में अस्थायी सदस्यों की संख्या ……..10………… हैं। ( 10/5)

36 प्रधानमंत्री ….नरसिम्हा राव.. ने भारत की नयी आर्थिक नीति का निर्धारण 1991 में किया। ( राजीव गाँधी / नरसिम्हा राव )

37 लिट्टे ……श्रीलंका …. का एक उग्रवादी संगठन हैं।( श्रीलंका / भारत )

38 सार्क …..1985… में अस्तित्व में आया। (1945/1985)

39 हरित क्रांति से …..कृषि …. को विशेष लाभ पहुँचा। ( कृषि / मजदुर )

40 1987 में …श्रीलंका … के राष्ट्रपती जयवर्धने ने भारत से शांति संधि पर हस्ताक्षर किया। ( नेपाल / श्रीलंका )

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

Group C 

** इसमें 10 प्रश्न होंगे और प्रत्येक प्रश्न 2 अंक के होंगे।

41 गुटनिर्पेक्षाता और तटस्थता में क्या अंतर है?
उत्तर: गुटनिर्पेक्षता का अर्थ हैं की कोई देश वैश्विक राजनीति में अपने देश के विकास और सुरक्षा के लिए विश्व के सभी गुटों के साथ संबंध स्थापित करता हैं, जबकि तटस्थता का अर्थ है गुटों से दुरी बनाये रखना अर्थात किसी भी गुट में शामिल न होना। शीतयुद्ध के दौरान भारत ने गुटनिरपेक्षता की नीति अपनायी थी।

42 ग्लासनोस्त से आप क्या समझते है?
उत्तर: ग्लासनोस्त शब्द का प्रयोग 1980 के दशक में रुसी भाषा में क्या जाता था। इसका अर्थ है खुलापन। यह एक सुधर नीति थी जिसे सोवियत संघ के अंतिम राष्ट्रपति मिखाइल गोर्बाचेव ने सोवियत संघ के अर्थव्यवस्था को सुधर करने के लिए लागु किया था। इस नीति का मूल उद्देश्य था सोविया संघ के सरकारी संस्थाओं में बढ़ रहे भ्रष्टाचार को ख़त्म करना।

43 ‘एमनेस्टी इंटरनेश्नल’ क्या है?
उत्तर: एमनेस्टी इंटरनेशनल एक अंतरराष्ट्रीय स्वयंसेवी संस्था है जिसका मूल उद्देश्य है मानवीय मूल्यों, एवं मानवीय स्वतंत्रता, को बचाने एवं भेदभाव मिटाने के लिए शोध एवं प्रतिरोध करने एवं हर तरह के मानवाधिकारों के लिए लडना है। इस संस्थान की स्थापना ब्रिटेन में 1961 में की गयी थी। 

44 डोकलाम विवाद क्या है?
उत्तर: डोकलाम भूटान का एक घाटी और पठारी क्षेत्र हे जो चीन के सिमा से लगी है और यह क्षेत्र भरता के सिमा के नजदीक है। चीन इस क्षेत्र में 2017 में सड़क निर्माण कार्य शुरू किया था। यह चीन की एक सडयंत्र है। वह इस क्षेत्र में सैन्य शक्ति को बढ़ाना चाहता है ताकि वह भारत के सात बहनों के राज्य को अपने कब्जे में कर सके। इस खतरे को ध्यान में रखते हुआ भारतीय से ने चीन के इस सड़क निर्माण कार्य में हस्तक्षेप किया। इसी मुद्दे को लेकर भारतीय और चीनी सेनाओं में विवाद चल रही है। यही डोकलाम विवाद है।

45 भारत के दो राजनीति दलों के नाम लिखिए।
उत्तर: भारत के लोकतांत्रिक देश जहाँ बहुत से राजनीतिक दल सक्रिय है और प्रभवि रूप से कार्यरत है। इनमें दो प्रमुख राजनीतिक दल है:

  1. भारतीय जनता पार्टी (BJP)
  2. कांग्रेस 

46 दूसरी दुनियाँ का अभिप्राय क्या है?
उत्तर: शीतयुद्ध के दौरान दुनिया पूर्वी और पक्षिमी दो गुटों में बटी थी। पक्षिमी गुट का नेतृत्व सोवियत संघ कर रहा था। पूर्वी यूरोप का अधिकांश देश सोवियत गुट में सम्मिलत हो गया। इन देशों को समाजवादी प्रणाली की तर्ज पर ढला गया था, इन्हें ही समाजवादी खेमे के देश या दूसरी दुनिया कहा गया।

47 भारत में आपातकाल किस प्रधानमंत्री द्वारा लागु किया गया, तथा यह किस वर्ष लागु किया गया?
उत्तर: 1970 के दशक में कांग्रेस सरकार के विरोध में भारत के विभिन्न राज्यों में विरोध प्रदर्शन किये जा रहे थे। उस समय देश की प्रधानमंत्री इंद्रा गाँधी थी। इंद्रा गाँधी ने अपने सत्ता को कायम रखने के राष्ट्रपति फखरुद्दीन अली अहमद से आपातकाल लागु करने की शिफारिस की। इस प्रकार 1975 में इंद्रा गाँधी के शिफारिस पर भारत में आपातकाल लागु हुआ।

48 एक ध्रुवीय विश्व से आप क्या समझते है?
उत्तर: शीतयुद्ध के दौरान दुनियाँ पूर्वी और पक्षिमी दो गुटों में बटी थी। पूर्वी गुट का अगुआई अमेरिका और पक्षिमी गुट का अगुआई सोवियत संघ कर रहा था। इसे दो ध्रुवीय विश्व कहा गया, लेकिन 1991 में सोवियत संघ के विघटन के पश्चात् अमेरिका एक मात्र वैश्विक शक्ति के रूप में उभरी। अब पूरा विश्व अमीरीकी वर्चस्व के अधीन हो गयी थी। इसके ही एक ध्रुवीय विश्व की संज्ञा दी गयी।

49 कांग्रेस सिंडिकेट का क्या अर्थ है?
उत्तर: सिंडिकेट नेहरू के बाद कांग्रेस में उभरा उन शक्तिशाली नेताओं का गुट था जो विभिन्न राज्यों से सम्बंधित थे एवं जिनका कांग्रेस संगठन पर नियंत्रण था। इन नेताओं में प्रमुख रूप से मद्रास से केo कामराज, महाराष्ट्र से एसo केo पाटिल, कर्णाटक से निजलिंगप्पा व् पश्चिम बंगाल से अरुण घोष थे। नेहरू के देहांत के बाद लाल बहादुर शास्त्री व् श्रीमती इंद्रा गाँधी को प्रधानमंत्री बनाने में सिंडिकेट के नेताओं की प्रमुख भूमिका थी। ये किंग मेकर भी कहलाते थे।

50 आजाद भारत के पहले शिक्षामंत्री कौन थे?
उत्तर: आजाद भारत के पहले शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आज़ाद थे। उन्होंने शिक्षा मंती पद पर 15 अगस्त 1947 से 2 फरवरी 1958 तक सेवा दिए।

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

Group D 

** इसमें 5 प्रश्न होंगे और प्रत्येक प्रश्न 4 अंक के होंगे।

51 सोवियत प्रणाली क्या थी?
उत्तर: 1917 में रूस में हुयी समाजवादी क्रांति के पश्चात् समाजवादी सोवियत गणराज्य अस्तित्व में आया। इसकी स्थापना पूँजीवाद व्यवस्था के विरोध में हुयी थी और समाजवाद के आदर्शों और समतामूलक समाज के जरुरत से प्रेरित थी। इस समाजवादी व्यवस्था को ही सोवियत प्रणाली कहा गया। इसके व्यवस्था का मूल उद्देश्य निजी संपत्ति की संस्था को समाप्त करना और समाज को समानता के सिद्धांत पर सचेत रूप से रचना था। इस प्रणाली में राज्य और ‘पार्टी की संथा’ को ज्यादा महत्व दिया गया। इस प्रणाली में दुरी कम्युनिस्ट एकल पार्टी थी और विपक्ष के लिए कोई जगह नहीं थी। अर्थव्यवस्था योजनबंध और राज्य के नियंत्रण में थी। दो ध्रुवीय विषय में पक्षिमी यूरोप के अधिंकांश देशों को सोवियत प्रणाली के तर्ज पर ढ़ाला गया था, क्योकि द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद सोवियत संघ ने इन्हें फासीवादी ताकतों के चुंगुल से मुक्त कराया था। 

अथवा, पंचशील के सिद्धांतों को लिखें।
उत्तर: भारत के शुरुआती दौर में चीन के साथ मित्रता संबंध थी। इस मित्रता को बढ़ावा देने के लिए 1954 में चीन के प्रधानमंत्री चाऊ एन. लाई भारत की यात्रा की इसी दौरान भारत और चीन के बिच एक समझौता हुआ। इस समझौते में पाँच सूत्र रखे गये, जिसे पंचशील के नाम से जाना जाता है। 
इसके पाँच सिद्धांत निम्नलिखित है :-

  1. एक-दूसरे की प्रभुसत्ता व प्रादेशिक अखंडता का सम्मान करना।
  2. एक-दूसरे पर आक्रमण न करना।
  3. दूसरे के घरेलु मामलों में हस्तक्षेप न करना।
  4. समानता व परस्पर लाभ।
  5. शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व का सिद्धांत।

52 पाकिस्तान की राजनीति में सेना की भूमिका का वर्णन करें।
उत्तर:पाकिस्तानी सेना अगस्त 1947 में स्थापित की गयी। पाकिस्तानी सेना पाक में सबसे ज्यादा ताकतवार है और वो पाक की राजनीति में अहम भूमिका अदा निभाती है।इतना ही नहीं लोकतांत्रिक तरीके से चुनी हुई सरकार के प्रधानमंत्री भी सैन्य ताकत के सामने कम ताकतवर हैं।पाकिस्तान के संविधान की बनावट ऐसी है कि इसमें सेना की भूमिका को अहमियत दी गई है।
पाकिस्तान में शुरू से ही राजनीतिक संस्थागतकरण कम था, जिससे सेना एक महत्वपूर्ण राजनीतिक खिलाड़ी बन गई। पाकिस्तान के इतिहास का एक प्रारंभिक हिस्सा निरंतर परिवर्तन और महल की साज़िशों द्वारा चिह्नित किया गया था, जिसके परिणामस्वरूप बहुत सारे राजनीतिक अराजकता हुई जिसने सेना को आसानी से हस्तक्षेप करने में सक्षम बनाया।
पाकिस्तान के मामले में, एक बार जब सेना राजनीति में शामिल हो गई, तो अन्य राजनीतिक अभिनेताओं (घरेलू और विदेशी दोनों), सकारात्मक प्रतिक्रिया और शक्ति के व्यायाम (शारीरिक हिंसा के उपकरणों द्वारा समर्थित) की अनुकूली अपेक्षाओं के कारण इसकी भूमिका और भी उलझ गई।
वर्षों से, सेना ने एक टटलरी भूमिका विकसित की है जिसमें वह खुद को राज्य के एक अंतिम रक्षक और संरक्षक के रूप में देखता है। यह टटलरी भूमिका स्वायत्तता के वर्षों का एक परिणाम है, नागरिक वर्चस्व की अवहेलना है और यह भी कि नागरिक पक्ष अक्षम है।

अथवा, विविधता में एकता से आप क्या समझते है?
उत्तर: विविधता में एकता का अर्थ है अलग-अलग होने पर भी एक होना। भारत में अनेक प्रकार के लोग , वेशभूषा , बोली , रीति रिवाज, त्योहार ,खान पान सब अलग-अलग है फिर भी एक भारत है। अलग-अलग होते हुए भी हम सब भारतीय हैं। सांस्कृतिक , सामाजिक , शारीरिक ,भाषाई , धार्मिक , राजनीतिक , वैचारिक , मनोवैज्ञानिक अनेक प्रकार के मतभेदों के बाद भी एकता का होना, विविधता में एकता या अनेकता में एकता कहलाता है। भारत विविधताओं से भरा देश है जहां पर अलग-अलग जातियों,धर्मोऔर कई भाषाओं को बोल्ने वले लोग रहते हैं। इतने अन्तर के होने के बावजूद हम सब भारतीय ही कहलाते है।

53 विलय-पत्र किसे कहते है?
उत्तर: विलय– पत्र एक लिखित दस्तावेज होती होती है जो किसी स्वतंत्र भू-भाग को किसी देश का अभिन्न अंग होने का प्रमाण देता है। जम्मू और कश्मीर का विलय-पत्र, भारतीय संघ में अधिमिलन का पत्र (अंगीकार पत्र) तथा एक विधिक प्रपत्र है जिस पर जम्मू और कश्मीर की रियासत के महाराजा हरि सिंह ने 26 अक्टूबर 1947 को हस्ताक्षर किए थे। 28 अक्टूबर 1947 को भारत के गवर्नर जनरल ने इसे स्वीकृति दी थी। जिसके बाद से जम्मू और कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग बन गया।

अथवा, आतंकवाद के विरुद्ध अमेरिका के विश्व्यापी युद्ध का वर्णन करें।
उत्तर: अमेरिका दुनियाँ का सबसे शक्तिशाली और सुरक्षित देश है। अमरीका सबसे ज्यादा विकसित देश है। अमेरिका के विकास और वर्चस्व का सबसे बड़ा अवरोध आतकवाद है। सुरक्षा के लिए दुनियाँ सबसे बड़ा बजट अमेरिका का है फिर भी आतंकवाद इसके सुरक्षा के लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुयी है। आतंकवाद और आतंकवाद को पाहन देने वाले देशों के खिलाफ अमेरिका ने जंग छेड़ दी है। इसके कुछ उदहारण निम्नलिखित है:
ऑप्रेशन एंडयूरिंग फ्रीडम: 9/11 के हमले ने पुरे अमेरिका को हिला दिया था। इसे अमेरिका में हुए अब तक का सबसे बड़ा हमला माना जाता है। इस आतंकी हमले के जवाब में अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने ‘ऑप्रेशन एंडयूरिंग फ्रीडम चलाया था। यह अभियान उन सभी के खिलाफ चलाया जिन पर 9/11 का शक था। इस अभियान में मुख्या निशाना अल-कायदा और अफगानिस्तान के तालिबान शासन को बनाया गया। तालिबान के शासन के पाँव जल्द ही उखड़ गए लेकिन तालिबान और अल-कायदा के अवशेस अब भी सक्रिय है।
ऑप्रेशन इनफाइनाइट रीच: अलकायदा ने नैरोबी और दारे-सलाम में अमरीकी दूतावास में बमबारी की थी। इसके जवाब में 1998 में अमरीकी राष्ट्रपति क्लिंगटन ने ‘ऑप्रेशन इनफाइनाइट रीच’ चलाया। इस अभ्यान के अंतर्गत अमेरिका ने सूडान और अफगानिस्तान के अलकायदा के ठिकानों पर क्रूज मिसाइल से हमले किये। अमेरिका ने इस हमले के लिए न ही संयुक्त राष्ट्र संघ की अनुमति ली और न ही अंतर्राष्ट्रीय कानून की परवाह की। इस हमले के दौरान अमेरिका ने कुछ आम नागरिकों के ठिकानों पर भी निशाना साधा था जबकि इनका आतंकवादों से कोई लेना-देना नहीं था। 

54 1974 के बिहार आंदोलन का वर्णन करें।
उत्तर: 1974 में मार्च माह में बढ़ती हुयी कीमतों, खाद्दान के आभाव, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार के खिलाफ बिहार के छात्रों ने आंदोलन छेड़ दिया। छात्रों ने अपने आंदोलन की अगुआई के लिए जयप्रकश नारायण को बुलावा भेजा था। जयप्रकाश तब तक सक्रिय राजनीति छोड़ चुके थे और सामाजिक कार्यों में लगे हुए थे। जेo पीo ने छत्रों का निमंत्रण इस शर्त पर स्वीकार किया की आंदोलन अहिंसक रहेगा और अपने को बिहार तक सिमित नहीं रखेगा। जेo पीo ने सामाजिक, आर्थिक और जनीतिक दायरे में सम्पूर्ण क्रांति की शुरुआत की ताकि उन्हीं के शब्दों में सच्चें लोकतंत्र की स्थापना की जा सके। जयप्रकाश नारायण के अनुसार सम्पूर्ण क्रांति के चार पक्ष थे – संघर्ष, निर्माण, प्रचार और संगठन। 

अथवा,  एक ध्रुवीय विश्व से आप क्या समझते है?
उत्तर: शीतयुद्ध के दौरान दुनियाँ गुटों में बंटी थी पूर्वी और पक्षिमी। पूर्वी गुट का अगुआई सोवियत संघ कर रहा था और पक्षिमी गुट का अगुआई अमेरिका कर रहा था इस दो ध्रुवीय विश्व कहा गया। 1991 में सोवियत संघ का विघटन हो गया और अमेरिका एक मात्रा महाशक्ति के रूप में उभरा। विश्व के सभी देश अब अमरीकी वर्चस्व के अधीन आ गया। अमेरिका का बराबरी करने वाला अब कोई देश नहीं था। विश्व अब अमेरिका की कठपुतली बन बया। इसे ही एक ध्रुवीय विश्व कहा गया।

55 लोकतंत्र में राजनीतिक दलों की क्या भूमिका है?
उत्तर: राजनीतिक दल एक राजनीतिक संस्था के रूप में होते हैं जो शासन में राजनीतिक शक्ति प्राप्त करने एवं उसे बनाए रखने का प्रयत्न करते हैं। राजनीतिक दल स्वैच्छिक संगठन अथवा लोगों के ऐसे संगठित समूह होते हैं जो समान दृष्टिकोण रखते हैं। साथ ही संविधान के प्रावधानों के अनुरूप राष्ट्र को आगे बढ़ाने के लिये राजनीतिक शक्ति प्राप्त करने की कोशिश करते हैं। राजनीतिक दलों में आंतरिक लोकतंत्र का अर्थ है- दलों की आंतरिक या सांगठनिक संरचना के अंतर्गत महत्त्वपूर्ण निर्णय लेने और दलों की कार्यप्रणाली व भूमिका संबंधी विचार-विमर्श में दलों के सदस्यों को शामिल करना और दलों के विभिन्न पदों पर लोकतांत्रिक प्रक्रिया के माध्यम से दलों के सदस्यों का निर्वाचन करना।

अथवा, ‘प्रिवी पर्स’ से आप क्या समझते है?
उत्तर: स्वतंत्रता के समय देश में पांच सौ से अधिक राजे रजवाड़े थे। इनकी रियासतों का विलय भारतीय गणराज्य में किया गया।उस समय राजाओं, नवाबों को सरकार ने उनकी अधिग्रहीत संपत्ति के एवज में कुछ धन देने का प्रावधान किया। प्रिवी पर्स किसी संवैधानिक या लोकतांत्रिक राजतंत्र में राज्य के स्वायत्त शासक एवं राजपरिवार को मिलने वाले विशेष धनराशी को कहा जाता है। भारतवर्ष में राजभत्ता देने की परियोजना की शुरुआत सन 1950 में लोकतांत्रिक गणराज्य की स्थापना के बाद हुई थी। इंदिरा गांधी ने खुद को समाजवादी सिद्ध कर के लिए प्रिवी पर्स को समाप्त कर दिया था।

(Political Science class 12 model Question Paper Solutions)

Group E 

** इसमें 4 प्रश्न होंगे और प्रत्येक प्रश्न 5 अंक के होंगे।

56 भारत का चीन के साथ संबंधों का वर्णन करें।
उत्तर: भारत और चीन के संबंध को निम्नलिखित बिंदुओं द्वारा स्पष्ट किया जा सकता है:

  1. ब्रिटिश शासन के पूर्व: पक्षिम सभ्यता के उदय से पहले चीन और भारत एशिया की दो महाशक्तियाँ तो। दोनों के अपनी सभ्यता और राजवंश हुआ करती थी। उस समय भारत और चीन के मध्य किसी भी प्रकार की कोई झड़प नहीं हुयी थी। दोनों के बिच कोई संबंध भी स्थापित नहीं हुआ था, इस कारन दोनों एक दूसरे को ठीक से समझ नहीं पाएं।
  2. ब्रिटिश शासन के पश्चात्: चीन के विदेशी शक्तियों को निकलने के पश्चात् और भारत के आजाद होने एक बाद यह उम्मीद थी की दोनों विकाशील देश मिलकर एशिया के भविष्य को निर्धारित करेंगे। कुछ समय के लिए हिंदी-चीनी भाई- भाई का नारा भी लोकप्रिय हुआ। 1950 में चीन द्वारा तिब्बत को हड़पने तथा भारत- चीन सिमा पर बस्तियाँ बनाने के फैसले से दोनों देशों के बिच संबंध एकदम गड़बड़ हो गए। भारत और चीन दोनों मुल्क अरुणाचल प्रदेश के कुछ इलाकों और लद्दाख के अक्साई चीन क्षेत्र पर प्रतिस्पर्धी दावों के चलते 1962 में लड़ पड़ें। और दोनों देशों के बिच संबंध बिगड़ गया। 
  3. भारत-चीन युद्ध पश्चात्: 1962 के युद्ध के पश्चात् भारत को सैनिक पराजय झेलनी पड़ी और भारत- चीन संबंधों पर इसका दीर्घकालिक असर हुआ। 1970 से दोनों देशों के संबंधों में सुधर की दौर आरम्भ हुयी।
  4. राजीव गाँधी के काल में:दिसम्बर 1988 में राजीव गाँधी द्वारा चीन का दौरा करने से भारत-चीन संबंधों को सुधारने के प्रयासों को बढ़ावा मिला। इसके बाद दोनों देशों ने टकराव टालने और सिमा पर शांति और यथास्थिति पनाएँ रखने के उपाय की शुरुआत की है। दोनों देशों ने सांस्कृतिक आदान-प्रदान, विज्ञान और तकनिकी के क्षेत्र में परस्पर सहयोग और व्यापर के लिए सिमा पर चार पोस्ट खोलने के समझौते भी किये है। 
  5. आर्थिक संबंध: शीतयुद्ध के समाप्ति के पश्चात् दोनों देशों के रिश्तों में काफी बदलाव आया। 1992 से दोनों के बिच व्यापर 30 फीसदी के दर से बढ़ रहा है। चीन और भारत के बिच 1992 में 33 करोड़ 80 लाख डॉलर का द्विपक्षीय व्यापर हुआ था। यह 2006 में बढ़ कर 18 अरब डॉलर का हो जुका है।
  6. कूटनीतिक संबंध: 1998 में भारत के परमाणु हथियार परिक्षण को कुछ देशों ने चीन से खतरे के मद्देनजर उचित ठहराया है। लेकिन चीन भारत के परमाणु परिक्षण को अवैध करार दिया है। चीन पाकिस्तान को आयेदिन भारत के खिलाफ उकसाता रहता है। 

57 भूटान के विकास में भारत की भूमिका का वर्णन करें।
उत्तर: 1949 में भारत और भूटान के बिच एक समझौता हुआ था जिसके अनुसार भारत भूटान के आंतिरिक मामलों में हस्तक्षेप नहीं करेगा और भूटान अपने विदेशी मामलों में भारत की सलाह के अनुसार कार्य करेगा। 1958 ईo में भारत ने भूटान को संयुक्त राष्ट्र का सदस्य बनाये जाने की सिफारिश की जो उसे 1971 में प्राप्त हुयी। आज भूटान सार्क (SAARC) का एक सदस्य है। भारत ने भूटान के आर्थिक विकाश में महत्वपपूर्ण योगदान दिया है और इसकी सभी योजनाएं भारतीय सहायता से बानी है। बेशक 1971 के बाद भूटान ने दूसरे देशों से भी सहायता लेनी आरम्भ कर दी थी। इसके बावजूद आज भी भारतीय सहायता वहाँ के विकास कार्यों में सबसे अधिक है। भारत में भेजे गए हजारों विशेष अधिकारी तथा श्रमिक आज भी भूटान के विकास कार्यों में सहायता प्रदान कर रहे है। भारत और भूटान के प्रारम्भ से ही बहुत अच्छे आपसी सम्बन्ध रहें है, आज भी है और आगे भी रहने की संभावना है।

अथवा, किन कारणों से 1969 में कांग्रेस पार्टी विभाजित हुयी? व्याख्या करें।
उत्तर: 1967 एक चुनाव के पहले कांग्रेस में गुटबाजी प्रारम्भ हो गयी थी। कांग्रेस पर कुछ बड़े नेताओं का एक गट हावी था जिसको सिंडिकेट के नाम से जाना जाता था। 1967 के चुनाव में कांग्रेस के प्रभुत्व में कमी आ गयी व् 1969 में कांगेस का औपचारिक विभाजन हो गया। इसके निम्नलिखित प्रमुख कारन थे:

  1. कांग्रेस में सिंडिकेट जो की कांग्रेस के कुछ बड़े नेताओं का गट था का अत्यधिक प्रभाव।
  2. कांग्रेस के बिच गुटबाजी। सिंडिकेट के ग्रुप और श्रीमती इंदिरा गाँधी में गुटबाजी का प्रारम्भ हो गयी थी।
  3. श्रीमती इंदिरा गाँधी का प्रभवशाली व्यक्तित्व।
  4. श्रीमती इंदिरा गाँधी की समाजवादी व् साम्यवादी नीतियाँ जो कांग्रेस की पूँजीवादी लॉबी के लोगों को पसंद नहीं थी।
  5. राष्ट्रपति के चुनाव में कांग्रेस गुट में आपसी टकराव आदि विभाजन का प्रमुख कारन बना।

58 गठबंधन राजनीति में क्षेत्रीय राजनीतिक दलों की भूमिका में कैसे वृद्धि हुयी, उदहारण दें।
उत्तर: इसका उत्तर पाने के लिए यहाँ  Click Here

अथवा, स्वतंत्रता के बाद भारत के समक्ष राष्ट्र निर्माण की चुनौतियों पर एक निबंध लिखिए।
उत्तर: आजादी के बाद भारत के लिए राह आसान नहीं था। उसके सामने अनेक चुनौतियाँ मुँह खोले खड़ी थी। आजादी के समय महात्मा गाँधी जी ने कहा था की कल हम अंग्रेजी राज की गुलामी आजाद हो जायेंगें लेकिन आधी रात को भारत का बँटवारा भी होगा। इसलिए कल का दिन हमारे लिए ख़ुशी का दिन होगा और गम का भी। इस प्रकार हम कह सकते है की गाँधी जी ने भी हमें आने वाले समय की चुनौतियों की ओर संकेत दिया। आजदी के बाद भारत के समक्ष राष्ट्र निर्माण में तीन मुख्य चुनौतियाँ थी जो की निम्नलिखित है:

  1. सबसे महत्वपूर्ण चुनौती भारत के सामने भारत जैसे विशाल देश को राष्ट्र के रूप में बनाना व् उसे निश्चित करना की विभिन्न जाती, धर्म, भाषा, संस्कृति व् भौगोलिकता वाले लोगों में राष्ट्रीयता अर्थात भारतीयता के सूत्र में बाँध कर उन्हें उन्हें एकता के सूत्र में बाँधना। अतीत के बहुत दुखत अनुभव रहें। एकता के आभाव में हमने विदेशी लोगों का शासन पाया था। अतः सबसे बड़ी चुनौती है की भारत को एक राष्ट्र के रूप मे एक रखना था सभी वर्गों के लोगों में आपसी प्यार बढ़ाना।
  2. दूसरी चुनौती भारतीय प्रशंसकों के लिए भारत में प्रजातंत्रीय प्रणाली के लिए आवश्यक राजनितिक सांस्कृतिक का विकास करके प्रजानात्र को मजबूत करना था। जिसमे भारत काफी हद तक सफल रहा। अब तक 60 वर्ष के प्रजातंत्रीय सफर में भारत में अनेक स्तर पर अनेक चुनाव होते रहे है जिससे भारतीय लोकतंत्र परिपक्व हुआ। भारत का नागरिक मतदाता के रूप में भी परिपक्व हुआ है। भारत में प्रजातंत्र की जड़ें मजबूत हुयी है। यह भी वास्तव में एक बड़ी चुनौती थी।
  3. तीसरी प्रमुख चुनौती भारतीय के विकास व् जन कल्याण की थी। जब देश आजाद हुआ, भारत में गरिगी, बेरोजगारी व् क्षेत्रीय असंतुलन व अनपढ़ता जैसी अनेक समस्याएँ थी। उन सभी को दूर करने के लिए आवश्यक प्रयास किये गए है व् लोगों के जीवन- स्तर को उठाया गया है। गांव शहरी अर्थव्यवस्था को मजबूत किया गया है। 

59 चीन और भारत के मध्य विवाद के मुख्य बिंदुओं की विवेचना कीजिए।
उत्तर: चीन और भारत के बीच विवादों के प्रमुख कारन निम्नलिखित है:

  1. तिब्बत समस्या: पहले तिब्बत भारत का क्षेत्र था। 1950 में चीन सरकार ने तिब्बत को स्वतन्त्र करने की घोषणा की। अब तिब्बत चीन के अधिकार क्षेत्र में है। 1959 में दलाईलामा ( धार्मिक गुरु ) को चीन ने कठोरता से कुचल दिया क्योंकि इन्होंने चीनी शासन के विरुद्ध विद्रोह कर दिया था। परिणामस्वरूप 5 जनवरी, 2000 को तिब्बती धर्म गुरु करमापा ( दलाईलामा ) ने भारत में सरन ली।
  2. भारत-चीन सीमा विवाद: 1950-51 में साम्यवादी चीन के नक़्शे में भारत के एक बड़े भाग को चीन का अंग दिखाया गया है। 1954 में चीन ने एक पत्र भेज कर भारतीय सेना पर बूजे नमक स्थान पर अवैध कब्ज़ा करने का आरोप लगया और कहा की भारत-चीन के मध्य कभी सीमा निर्धारण नहीं हुआ है। अरुणाचल प्रदेश के कुछ क्षेत्रों और अक्साई-चीन क्षेत्र पर दोनों ने समय- समय पर प्रतिस्पर्द्धा बानी हुयी है।
  3. 1962 का युद्ध: 1950 में चीन द्वारा तिब्बत को हड़पने और भारत- चीन सीमा पर बस्तियाँ बनाने के फैसले से दोनों देशों के संबंध बिगड़ गए। अरुणाचल प्रदेश के क्षेत्र और अक्साई-चीन के क्षेत्र में प्रतिस्पर्द्धा दावें के चलते 1962 में युद्ध हो गया। 
  4. चीन-पाकिस्तान संबंध: चीन पाकिस्तान को सैनिक सहायता देता है और अस्त्र-शास्त्रों की आपूर्ति करता है जिसे वह भारत के विरुद्ध प्रयोग करता है। भारत चीन के साथ निरंतर अच्छे संबंध बनाने का प्रयास किया है। इसी के चलते आर्थिक, वैज्ञानिक, तकनीकी व् सांस्कृतिक सहयोग बढ़ने के लिए संयुक्त आयोग का गठन किया गया है। भारत व चीनी सेनाओं में पहला संयुक्त सैन्य अभ्यास 15-18 सितम्बर 2008 में किया गया।     

अथवा, भारतीय राजनीति पर हरित क्रांति के प्रभाव का उल्लेख कीजिए।
उत्तर: भारतीय राजनीती पर हरित क्रांति का निम्नलिखित प्रभाव पड़ा:

  1. कृषि अब एक लाभकारी व्यवसाय हो गयी, अब धनि लोगों ने बड़े- बड़े फार्म बनाने शुरू किये। जिससे छोटे स्तर के किसानों की जमीन छीन ली गयी। ग्रामों में नव धनाढ्य वर्ग पैदा हुआ, जिसने गरीब या भूमिहीन किसानों का शोषण व् दमन किया। 
  2. कृषि के क्षेत्र में मशीनीकरण ने कुछ लोगों को रोजगार के अवसर दिए लेखिन पुराणी तकनीकों को जानने वाले लोग बेरोजगार हो गए। इसमें ग्रामीण क्षेत्रों में बेरोजगारी फैली। काफी संख्या में ऐसे लोगों ने वहाँ से पलायन किया।
  3. अभी तक शहरी क्षेत्रों में आय संबंधी अंतर था। लेकिन अब ग्रामीण क्षेत्रों में भी यह अंतर पैदा हो गया। यदि किसी उपजाऊँ क्षेत्रों के बड़े किसान बहुत संपन्न हो गए  तो अन्य या गैर- उपजाऊ क्षेत्रों के किसानों की बड़ी संख्या दरिद्रता की रेखा से निचे आ गयी। फलतः सामाजिक तनाव व संघर्ष की स्थिति पैदा हो गयी। 
  4. कृषि के क्षेत्र में भी सट्टेबजी शुरू हो गयी। शहरों के बहुत धनि लोगों ने किसानों की उपजें थोक में खरीद लीं, अपने गोदाम माल से भर लिया तथा उपभोक्ता संबंधी वस्तुओं की कमी की कृत्रिम स्थिति पैदा कर के कीमतें ऊँची कर दी। इसने जनसाधारण को परेशान किया।
  5. नव- धनाढ्य वर्गों के नेताओं ने अपनी पार्टियाँ या दबावकार्य गुट बना लिया। उन्होंने ने सरकार में अपना प्रवेश कर के या सरकार पर अपने दबाव को स्थापित कर के अपनी राजनीतिक स्थिति को मजबूत कर लिया।

More Model Question papers:

Click Here

You can also follow us on different social platform to get help, tips and suggestions for class 12 Arts: 

Tags:

model question paper, sample papers, political science, political science exam, mock test, proper time, time management, question paper, model question papers books marking,political science class 12, political science class 12 notes,political science class 12 in Hindi, class 12 political science notes,class 12 political science ncert solutions, political science class 12 syllabus. Political Science class 12 model Question Paper Solutions.

Leave a Comment